Monday, 23 November 2009

जनाजा मेरा उठ रहा था,,,,,,,,,,,,,
फिर भी तकलिफ थी उनको आने मे ,,,,,,,
बेवफा घर बठे पुछ रहे थे,,,
ओर कितनी देर हे उनको दफनाने मे,,,,,???,
to be continue,,,,

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